Name: RAS Somdatt Swami
State: Rajasthan
City: Hanumangarh
Tehsil: Hanumangarh
Description: रांकावत स्वामी समाज के होनहार युवा RAS अधिकारी - सोमदत्त स्वामी
बहुत बहुत हार्दिक बधाई और उज्जवल भविष्य की हार्दिक शुभकामनाएं RAS अधिकारी - सोमदत्त स्वामी मैंने 45 वर्ष की आयु में जो सपना देखा है उसे मेरे समाज के युवा पूरा करने में सक्षम है बस आवश्यकता है सहयोग और समर्थन की मैं उसके लिए सदैव तत्पर रहूंगा मेरी प्राथमिक शिक्षा से ही मेरे मामा जी और मौसी जी का मेरे जीवन निर्माण में संपूर्ण योगदान रहा है! मैं मेरी इस आंशिक सफलता को मेरी मौसी जी स्मृति शेष श्रीमती बादू देवी धर्मपत्नी श्री मनीराम स्वामी निवासी -कोला ,हनुमानगढ़ को समर्पित करता हूं ! 21 वी सदी में सफलता पाने का मूल मंत्र हैं Personality Development | जिसके पास कुछ खास चीजे जैसे कॉन्फिडेंस, लुक्स, लैंग्वेज पर कमांड और कुछ खास स्किल्स हैं वो समाज का ही नहीं बल्कि 21 सदी का भी सफल व्यक्ति माना जाता हैं | भले ही वो किसी भी मुकाम से मंजिल की तरफ बढ़ने की कोशिश करता हैं अगर उनके पास ये गुण हैं तो वो मंजिल तक पहुँच जाता हैं | आज के दौर में कामयाबी का मूलमंत्र हैं व्यक्तित्व विकास | इसके नाम से ही हमारे समाज में कई युवाओ बुलन्दियों को छुआ है। अपने वर्तमान समाज में पुत्र पुत्री की शादी करना ही मुख्य ध्येय माना जा रहा है। अटा सट्टा प्रथा भी अधिक प्रभावी होती जा रही है जबकि वर्तमान समय में सुदृढ़ स्वास्थ्य, निर्माणकारी शिक्षा एवं एवं नैतिक उत्थान की अत्यधिक आवश्यकता है इस हेतु प्रयत्न की आवश्यकता है। सोमदत्त स्वामी पुत्र श्री चेतराम स्वामी समाज के हाल ही में बने RAS अधिकारी श्रीमान सोमदत्त जी स्वामी और सूर्य जी स्वामी इन दोनों का इंटरव्यू लेने का सौभाग्य प्राप्त हुआ और इन्होंने अपनी सफलता की पूरी कहानी समाज के सामने रखी है वेबसाइट के माध्यम से पूरे समाज को इन दोनों के इंटरव्यू के रूप में प्रस्तुत कर रहा हूं। कि कैसे उन्होंने यह सफलता प्राप्त की है और किन का योगदान है और भी समाज के विधार्थी आगे कैसे ऐसी सफलता को प्राप्त कर सकते हैं पूरी जानकारी दी है इन्होंने । इंटरव्यू संकलनकर्ता रतनलाल रांकावत नोखा कुलदेवी / लोकदेवी तथा अन्य शक्ति - देवी धाम व स्थान रांकावत स्वामी समाज के होनहार युवा RAS अधिकारी - सोमदत्त स्वामी

सभी रांकावत जनों एवम् बच्चों को मेरा यथा योग्य प्रणाम
सोमदत्त स्वामी पुत्र श्री चेतराम स्वामी निवासी धन्नासर, तह. रावतसर, जिला हनुमानगढ, हाल सीकर
सोमदत्त स्वामी 1998 से 2015 तक chc रावतसर में तथा वर्तमान में लैब टेक्नीशियन के पद पर जेल डिस्पंसरी, सीकर में कार्यरत है। 2015 से अब तक। 10th और 12 th सेठ पीरामल सीनियर सेकेंडरी स्कूल बगड़ से 1995 में की, 2008 में BA की। माता, पिता, भाई संतलाल chc रावतसर में रहते है। आपकी अर्धांगिनी निर्मला कुशल ग्रहणी है तथा आपकी सफलता में महत्वपूर्ण सहयोग भी अर्धांगिनी निर्मला का ही है। आपकी दो पुत्र दीपक व श्रीत्रु है। आप अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और गुरुजनों व शिक्षकों को देते हैं। प्रत्येक का नजरिया अलग है। मेरी नजर में में मैं सामजस्य स्थापित करने वाला हूँ। जिससे आप जो चाहे वो प्राप्त कर सकते है।
कलाम आर ए एस कोचिंग सीकर एवं अपनी निरंतर मेहनत के आधार पर सफलता को सुनिश्चित किया। आपकी सफलता का मुख्य रूप से श्रेय आपके बेटे को जाता है क्योकि बेटे को तैयारी करवाने के लिए स्वयं तैयारी की दौड़ शुरू की और प्रशासनिक अधिकारी के पद पर ये दौड़ सम्पन हुयी।
समाज को मैं यह संदेश देना चाहूंगा कि बच्चों को उच्च शिक्षा एवं उच्च पदों हेतु कंपटीशन फाइट करने के लिए तैयार करें। अपने समाज में अनेक प्रतिभाएं हैं जिन्हें पहचानने व तराशने की आवश्यकता है ! सही मार्गदर्शन एवम् निरंतर मेहनत से सफलता निश्चित है.... मन बनाइये और लग जाइए! Exam कैसी भी हो उसे पास करने में उतनी ही मेहनत करनी पड़ती है इसलिए टार्गेट बड़ा चुनो ! बेटियों को पढ़ने का समान अवसर प्रदान करें एवं उन्हें भी उच्च पदों हेतु कंपटीशन की तैयारी का मौका प्रदान करें। युवा कंपटीशन की तैयारी करते समय अपनी बाधाओं को पहचाने और उन्हें दूर करते हुए तैयारी में निरंतरता बनाए रखें ! बाधाओं से मेरा अर्थ मोबाइल ,दोस्ती, अत्यधिक मिलनसरिता अथवा स्वास्थ्य संबंधी हो सकता है।
RAS अधिकारी सरकार का एक अभिन्न अंग होता है। अतः, हमें अपने व्यवहार में तटस्थ होना चाहिए। हमें अपने विचारों में कठोर नहीं होना चाहिए और सुझावों से बहुत स्वागती और खुला होना चाहिए। एक सरकारी कर्मचारी के रूप में मेरा पहला और महत्वपूर्ण कर्तव्य लोगों की सेवा करना है। इसलिए, हमें जनता समाज के प्रति दयालु होना चाहिए। ये कुछ बुनियादी लक्षण हैं जिनको तैयारी के दौरान अपनाने की कोशिश करनी चाहिए। वर्तमान समय में समाज में शिक्षा का स्तर संतोषजनक है परंतु उच्च शिक्षा में आज भी अत्यधिक न्यूनता है जिसकी पूर्ति किया जाना समय की मांग है। मै रांकावत समाज के युवाओं के विकास के लिए सदैव उनके साथ हूँ।
रांकावत स्वामी समाज के युवाओं को अपने व्यक्तित्व को निखारने के लिए थोड़ा सा जागरूक होने की जरुरत हैं साथ ही थोड़े से कॉन्फिडेंस की |
रावतसर, हनुमानगढ़
RAS 2018